कभी-कभी क्रिकेट दुनिया में ऐसी खबरें आ जाती हैं जो सीधा दिल पर भारी पड़ती हैं। बड़े धोनी यानी महेंद्र सिंह धोनी ने भी अब इस वार शानदार फॉर्म नहीं बनाया है और अपनी ही टीम के लिए बड़ी चुनौती तब पैदा हो गई है जब वह गायब हुए। महेंद्र सिंह धोनी, कप्तान अस्थायी और चेन्नई सुपर किंग्स के मुख्य चेहरे, आईपीएल 2026 की शुरुआत से खुद को दूर कर रहे हैं। चर्चाओं का केंद्र बिंदु उनका टांगों में खींचाव वाला नुकसान, यानी कल्फ स्ट्रेन है। यह खबर 28 मार्च 2026 को आई थी, ठीक उसी दिन जब टूर्नामेंट की शुरुआत होने वाली थी।
यह सिर्फ एक इजिर्री नहीं, बल्कि एक बड़ी खामियाह बन गया है। चेन्नई सुपर किंग्स की ओर से जारी किए गए बयान में साफ कहा गया कि थाला रिहैबिलिटेशन की प्रक्रिया में हैं और पहले दो हफ्तों तक मैदान पर नहीं रह पाएंगे। TATA IPL 2026भारत की पहली रणनीतिक योजनाओं में धोनी शामिल थे, लेकिन अब टीम को उनका कमरा छोड़कर आगे बढ़ना पड़ेगा।
हकीकत में, ज़िन्दगी में कई बार ऐसा होता है कि आप तैयारी पूरी करते हैं और फिर अचानक रुकावट आ जाती है। धोनी के मामले में यह बहुत ही समय पर हुआ है। उनके डॉक्टरों के अनुसार, कैल्फ स्ट्रिन गंभीर नहीं है, लेकिन उसे ठीक होने के लिए समय चाहिए। रिपोर्ट्स के मुताबिक, वे पूरे एप्रिल महीने के अंत तक टीम में शामिल नहीं हो सकेंगे।
इसका मतलब है कि उन्हें अपना घर लौटने के लिए अच्छे मौके गुजरना पड़ेंगे। चेन्नई की शुरुआती चार मैच उनकी अनुपस्थिति में खेलने होंगे:
अगर वे 14 अप्रैल को होने वाली मुंबई इंडियंस से मुठभेड़ के लिए स्वस्थ हो जाते हैं, तो यह एक राहत होगी। लेकिन अभी यह बहुत संभावित नहीं दिख रहा।
टीम अधिकारियों ने इसे "बड़ा झटका" कहा। उन्होंने कहा था कि "यह निश्चित रूप से हमारे लिए एक बड़ा झटका है और हमें इसके साथ डील करना होगा।" यह सवाल उठाता है कि अब विकेटकीपिंग कौन करेगा?
इस समस्या का समाधान मिलने लगा है। संजु सैमसन, ब्ल्यूटर को राजस्थान रॉयल्स से चेन्नई लाया गया था। अब सैमसन को विस्कांट और बैटर के रूप में काम करना होगा। अगर वे तैयार नहीं होते, तो उर्विल पटेल एक बैकअप ऑप्शन हैं। यह बदलाव फ्रांचाइज़ के लिए चुनौतीपूर्ण है, क्योंकि धोनी का कूल फैक्टर अलग होता है।
अब सोशल मीडिया पर एक बड़ा सवाल पूछा जा रहा है—क्या IPL 2026 धोनी की क्रिकेट सफर की শেষ यात्रा होगी? 44 साल की उम्र में लगातार चलने वाली चोटें चिंताजनक हैं। वे पिछले कुछ सालों से घुटने के दर्द से जूझ रहे हैं।
उन्होंने पहले कभी ऐसा नहीं किया। वे वो चौथा खिलाड़ी हैं जिन्होंने IPL के सभी 19 सीज़नों में हिस्सा लिया है। वीर Kohli, रोहित शर्मा और मनिस पांडे के बाद धोनी ही ये रिकॉर्ड बनाए रख रहे हैं। यह दर्शाता है कि वे कितने लंबे समय तक अपने प्रेमियों के बीच रहना चाहते हैं।
2020 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से रेटायमेंट के बाद भी धोनी ने IPL में खेलना जारी रखा। लेकिन अब आयु और चोटें उनकी गति को प्रभावित कर रही हैं। क्या यह उनके पास आखिरी मौका होगा? कोई नहीं जानता। टीम ने कोई स्पष्ट समयसीमा नहीं दी है। सिर्फ पहला दो हफ्ता का आंकड़ा दिया गया।
धोनी की वापसी के लिए टीम और मेडिकल स्टाफ को देखना होगा। अगर वे जल्दी ठीक होते हैं, तो चेन्नई फिर से अपने सामान्य कब्जे में वापसी कर सकती है। वरना, उन्हें सैमसन पर ज्यादा भरोसा करना होगा। यह स्थिति किसी भी प्रशंसक के लिए बुरी खबर नहीं, बल्कि एक अंधा कारनामा है।
आधिकारिक तौर पर कहा गया है कि वे पहले दो हफ्ते बाहर रहेंगे। हालांकि, रिपोर्ट्स बताती हैं कि उनकी वापसी एप्रिल के अंत तक延遲 हो सकती है। टीम ने 14 अप्रैल तक की वापसी की पुष्टि नहीं की है।
संजु सैमसन को प्राथमिक विकल्प माना गया है जो राजस्थान से आए हैं। यदि वे उपलब्ध नहीं हैं, तो उर्विल पटेल भी इस जिम्मेदारी के लिए तैयार हैं। टीम ने यह व्यवस्था पहले से ही तय कर ली है।
यह अभी अनिश्चित है। चोट और उम्र के कारण इनकी बातें बढ़ी हैं, लेकिन धोनी अभी तक रिटायरमेंट की घोषणा नहीं की है। उन्होंने सभी 19 सीज़न्स में हिस्सा लिया है, जो उनकी प्रतिबद्धता दिखाता है।
धोनी शुरू में चार मैच मिस्स करेंगे: राजस्थान रॉयल्स (गुवाहाटी), पंजाब किंग्स, RCB, और दिल्ली कैपिटल्स। कुल छह मैच होने की संभावना है, जिसमें मुंबई इंडियंस का मैच शामिल हो सकता है।
यह एक कल्फ स्ट्रेन (पाश्चात पेशी में खींचाव) है, जो तेज गति से चलने और कूदने में समस्या देता है। यह घुटने की पुरानी समस्या के साथ जुड़ा हुआ है, जो धोनी के लिए एक बड़ा चुनौती बन गया है।